21/05/2026
बिहार के नालंदा से सामने आई एक बेहद अनोखी और सच्ची घटना की है, जो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुई थी।
पूरा मामला विस्तार से इस प्रकार है:
घटना क्या है?
यह घटना फरवरी 2023 की है। बिहार शरीफ के अल्लामा इकबाल कॉलेज के 12वीं (इंटरमीडिएट) के एक छात्र, मनीष शंकर, का परीक्षा केंद्र (Exam Center) सुंदरगढ़ के 'ब्रिलियंट कॉन्वेंट स्कूल' में पड़ा था। जब मनीष परीक्षा देने अपने सेंटर पर पहुंचा, तो वह यह देखकर दंग रह गया कि पूरे स्कूल में उसके अलावा कोई दूसरा लड़का नहीं था। उस सेंटर पर करीब 500 लड़कियां परीक्षा दे रही थीं।
लड़का बेहोश क्यों हुआ?
इतनी बड़ी संख्या में लड़कियों के बीच खुद को अकेला पाकर मनीष घबरा गया। वह बहुत शर्मीले स्वभाव का था। 500 लड़कियों की भीड़ के बीच अकेले लड़के के रूप में ध्यान का केंद्र बनने पर उसे पैनिक अटैक (Panic Attack) आ गया। घबराहट और डर के कारण उसे तेज बुखार आ गया और वह वहीं परीक्षा केंद्र पर ही बेहोश होकर गिर पड़ा।
ऐसा क्यों हुआ? (गलती कहाँ हुई?)
दरअसल, यह पूरी स्थिति एक फॉर्म भरने की गलती (Clerical Error) की वजह से पैदा हुई थी। मनीष शंकर ने जब अपना परीक्षा फॉर्म भरा था, तब उसमें जेंडर (लिंग) वाले कॉलम में गलती से 'Male' (पुरुष) की जगह 'Female' (महिला) दर्ज हो गया था। बिहार बोर्ड के कंप्यूटर सिस्टम ने जेंडर के आधार पर उसका रोल नंबर लड़कियों के परीक्षा केंद्र (All-Girls Center) पर आवंटित (Allot) कर दिया।
घटना के बाद क्या हुआ?
अस्पताल में भर्ती: बेहोश होने के बाद स्कूल प्रशासन ने तुरंत मनीष को इलाज के लिए बिहार शरीफ के सदर अस्पताल में भर्ती कराया।
डॉक्टर और मां की प्रतिक्रिया: अस्पताल में इलाज के बाद जब मनीष होश में आया, तो उसकी इस अनोखी घबराहट की वजह जानकर वहां मौजूद डॉक्टर और उसकी मां अपनी हंसी नहीं रोक पाए। डॉक्टरों ने बताया कि यह केवल अत्यधिक घबराहट और मानसिक तनाव (Nervous Breakdown) के कारण हुआ था।
तस्वीर की सच्चाई: इस वायरल इमेज में जो बड़ी भीड़ और लड़कियों के बीच बेहोश लड़के की फोटो दिख रही है, उसमें से कुछ हिस्से (जैसे लड़कियों के बीच घिरे होने वाला मुख्य दृश्य) को सोशल मीडिया मीम्स और वीडियो बनाने वालों ने थोड़ा एडिट (AI या फोटोशॉप) करके नाटकीय रूप दिया है, लेकिन मनीष शंकर के साथ यह घटना बिल्कुल सच में घटी थी।