25/08/2021
उपायुक्त अनीश यादव ने कहा कि जिला में मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल पर फसल पंजीकरण के कार्य को अधिकारी गंभीरता से अपना दायित्व निभाते हुए 31 अगस्त तक शत प्रतिशत पूरा करवाएं। पंजीकरण कार्य में बनाए गए नोडल अधिकारी व्यक्तिगत रुचि लेकर कृषि अधिकारी, ग्राम सचिव, पटवारी से तालमेल स्थापित कर कार्य करें। अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि फसल पंजीकरण कार्य में किसान की प्रत्येक एकड़ भूमि की फसल का ब्यौरा दर्ज होना चाहिए तथा कोई भी किसान अपनी फसल पंजीकरण करवाने से वंचित न रहे।
उपायुक्त बुधवार को स्थानीय लघु सचिवालय स्थित अपने कार्यालय कक्ष में मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल पर फसल पंजीकरण कार्य की समीक्षा बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। बैठक में एसडीएम सिरसा जयवीर यादव, एसडीएम कालांवाली उदय सिंह, एसडीएम ऐलनाबाद दिलबाग सिंह, कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद वेद बेनीवाल, उप निदेशक कृषि डा. बाबूलाल, जिला बागवानी अधिकारी डा. रघुबीर सिंह झोरड़, जिला सूचना एवं विज्ञान अधिकारी रमेश शर्मा सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।
उपायुक्त ने कहा कि मेरी फसल-मेरा ब्यौरा प्रदेश सरकार की महत्वपूर्ण योजना है, इसलिए ग्राम स्तर पर जागरूकता कैंपों व मुनादी के माध्यम से किसानों को फसल पंजीकरण के लाभ के बारे में जागरूक किया जाए। जिन गांवों में फसल पंजीकरण कम हो रहा है उन गांवों में विशेष रुप से जागरूकता कैंप लगाएं। किसानों को समझाया जाए कि अनाज मंडी में केवल पंजीकृत किसान की ही फसल खरीदी जाएगी। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि पुरी लग्न व जिम्मेवारी से काम करें तभी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि एडीओ, ग्राम सचिव व पटवारी सीधे तौर पर किसानों से जुड़े होते हैं, इसलिए ये अधिकारी व कर्मचारी इस कार्य को शत प्रतिशत पूर्ण करने में अपनी अहम भूमिका अदा करें। उन्होंने कहा कि किसानों को फसल पंजीकरण का लाभ बताते हुए उन्हें मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल पर अपनी फसल का पंजीकरण करवाने के लिए जागरूक करें। उन्होंने कहा कि फसल पंजीकरण का कार्य महत्वपूर्ण है, इसलिए इस कार्य को गंभीरता से लें। उन्होंने कहा कि इस कार्य में किसी प्रकार की ढिलाई न बरतें और शत प्रतिशत कार्य को पूरा करने के लिए किसानों को जागरूक व प्रेरित करें।
कृषि योजनाओं का लाभ लेने के लिए मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल पर फसल पंजीकरण करवाना जरूरी :
उप निदेशक कृषि डा. बाबूलाल ने बताया कि जिला में 51 हजार 341 किसानों ने अपनी तीन लाख 98 हजार 252 एकड़ भूमि का पंजीकरण ऑनलाइन पोर्टल पर करवा दिया है। उन्होंने बताया कि किसान अपने नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर(सीएससी) में जाकर आसानी से फसल का विवरण दर्ज करवा सकते हैं। किसानों द्वारा अपने कृषि उत्पादों को मंडियों में बेचने तथा सरकार द्वारा चलाई जा रही कृषि संबंधित योजनाओं का लाभ उठाने के लिए मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल पर पंजीकरण करवाना जरूरी है। इसलिए किसान भाई फसलों का विवरण पोर्टल पर अवश्य ही दर्ज करवाएं। किसानों के लिए अपनी फसलों के पंजीकरण के लिए परिवार पहचान पत्र का होना अनिवार्य है।
उन्होंने बताया कि किसान फसल डॉट हरियाणा डॉट जीओवी डॉट इन (http://fasal.haryana.gov.in/) पर लॉगिन करके खुद भी अपने कम्प्यूटर या मोबाइल के माध्यम से पंजीकृत करवा सकता है। इसके अलावा किसान अपनी फसल का पंजीकरण कॉमन सर्विस सेंटर के माध्यम से भी करवा सकते हैं। उन्होंने बताया कि इस संबंध में किसानों को अगर किसी भी प्रकार की परेशानी आती है तो वह कृषि तथा किसान कल्याण विभाग द्वारा जारी टोल फ्री नंबर 1800-180-2117 पर संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने किसानों से आह्वïान किया कि वे बोई गई फसल का कृषि विभाग द्वारा किए जा रहे सत्यापन कार्य में भी अपना सहयोग दें।