16/05/2025
आपको विंग कमांडर अभिनंदन का नाम तो याद ही होंगे,
जिन्हें छुड़वाने के लिए मोदी सरकार को सिर्फ पाकिस्तान को चेतावनी देनी पड़ी थी।
अब इन नामों को भी पढ़िए...
विंग कमांडर हरसरण सिंह डंडोस,स्क्वाड्रन लीडर मोहनदर जैन,
स्क्वाड्रन लीडर जे एम मिस्त्री,स्क्वाड्रन लीडर जे डी कुमार,
स्क्वाड्रन लीडर देव प्रसाद चटर्जी,फ्लाइट लेफ्टिनेंट सुधीर गोस्वामी,फ्लाइट लेफ्टिनेंट वी वी तांबे,फ्लाइट लेफ्टिनेंट नागास्वामी शंकर,फ्लाइट लेफ्टिनेंट राम एम अडवाणी,फ्लाइट लेफ्टिनेंट मनोहर पुरोहित,फ्लाइट लेफ्टिनेंट तन्मय सिंह डंडोस,
फ्लाइट लेफ्टिनेंट बाबुल गुहा,फ्लाइट लेफ्टिनेंट सुरेशचंद्र सैंडल,
फ्लाइट लेफ्टिनेंट हरविंदर सिंह,फ्लाइट लेफ्टिनेंट एल एम सासून,
फ्लाइट लेफ्टिनेंट के पी एस नंदा,फ्लाइट लेफ्टिनेंट अशोक धावले,
फ्लाइट लेफ्टिनेंट श्रीकांत महाजन,फ्लाइट लेफ्टिनेंट गुरदेव सिंह राय,फ्लाइट लेफ्टिनेंट रमेश कदम,फ्लाइट लेफ्टिनेंट प्रदीप वी आप्टे,फ्लाइंग ऑफिसर कृष्ण मल्कानी,फ्लाइंग ऑफिसर के पी मुरलीधरन,फ्लाइंग ऑफिसर सुधीर त्यागी,फ्लाइंग ऑफिसर तेजिंदर सेठी।
ये सभी भारतीय वायु सेना के वीर योद्धा थे, जो 1971 के युद्ध में पाकिस्तान के कब्जे में आ गए और फिर कभी वापस नहीं लौटे...!! हमने उनके 92000 छोड़ दिये, लेकिन अपने 54 वापस नहीं ला पाए। क्यों? पूछिये प्रश्न उनसे जो आज की तुलना 1971 से कर रहे हैं।
इन्हें कभी मत भूलना!!
जय हिंद 🇮🇳
~ कर्नल मयंक चौबे (रि०)
साभार बिहार पेज