15/01/2026
हरियाणा कैडर के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी शत्रुजीत कपूर को भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) का नया महानिदेशक नियुक्त किया गया है। इससे पहले इस पद पर प्रवीण कुमार तैनात थे, जिन्हें अब सीमा सुरक्षा बल (BSF) का महानिदेशक बनाया गया है।
शत्रुजीत कपूर का नाम हाल ही में हरियाणा के नए पुलिस महानिदेशक (DGP) की दौड़ में भी शामिल था। हरियाणा सरकार ने 30 वर्ष की सेवा पूरी कर चुके आईपीएस अधिकारियों का एक पैनल संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) को भेजा था, जिसमें कपूर का नाम भी था। हालांकि, अंतिम रूप से IPS अजय सिंघल को हरियाणा का नया डीजीपी नियुक्त किया गया।
अन्य विभागों में भी चर्चा में था कपूर का नाम
हरियाणा में दोबारा डीजीपी न बनाए जाने के बाद शत्रुजीत कपूर का नाम अन्य केंद्रीय और राज्य स्तरीय विभागों से भी जोड़ा जा रहा था। सरकारी सूत्रों के अनुसार, उन्हें नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) का प्रमुख या फिर हरियाणा सरकार में ऊर्जा मंत्री अनिल विज के विभाग में समायोजित किए जाने की चर्चा थी। लेकिन इससे पहले ही केंद्र सरकार ने उन्हें ITBP का डीजी नियुक्त कर दिया।
राकेश अग्रवाल बने NIA के महानिदेशक
इस बीच, हिमाचल प्रदेश कैडर के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी राकेश अग्रवाल को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) का महानिदेशक नियुक्त किया गया है। वह 31 अगस्त 2028 तक इस पद पर बने रहेंगे। कार्मिक मंत्रालय द्वारा जारी आदेश में बताया गया कि कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने उनकी नियुक्ति को मंजूरी दे दी है।
IPS शत्रुजीत कपूर को दोबारा हरियाणा DGP न बनाए जाने की 2 बड़ी वजहें
1. इसी साल होने जा रहा है रिटायरमेंट
हरियाणा में नए डीजीपी की नियुक्ति के लिए भेजे गए पैनल में
IPS आलोक मित्तल (बैच 1993)
IPS अजय सिंघल (बैच 1992)
IPS शत्रुजीत कपूर (बैच 1990)
के नाम शामिल थे। सीनियॉरिटी के लिहाज से शत्रुजीत कपूर सबसे आगे थे, लेकिन उनका रिटायरमेंट 31 अक्टूबर 2026 को प्रस्तावित है।
वहीं, हरियाणा सरकार ने अजय सिंघल की नियुक्ति को दो साल के कार्यकाल के लिए मंजूरी दी है। शत्रुजीत कपूर के पास इतना लंबा सेवा काल शेष नहीं होने के कारण उन्हें डीजीपी नहीं बनाया गया।
ITBP के डीजी के रूप में भी उनकी नियुक्ति 31 अक्टूबर 2026 तक ही है।
2. विवादों के बाद DGP पद से हटाए जा चुके हैं
हरियाणा के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी वाई. पूरन कुमार के सुसाइड केस में तत्कालीन डीजीपी शत्रुजीत कपूर, मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी, पूर्व मुख्य सचिव (रिटायर्ड) टीवीएसएन प्रसाद समेत कुल 15 IAS और IPS अधिकारियों को आरोपी बनाया गया था।
पूरन कुमार ने अपने सुसाइड नोट में शत्रुजीत कपूर पर जातिगत भेदभाव और मानसिक उत्पीड़न जैसे गंभीर आरोप लगाए थे।
जांच आगे बढ़ने पर पूरन कुमार के परिवार ने शत्रुजीत कपूर के डीजीपी पद पर बने रहने का कड़ा विरोध किया, जिसके बाद उन्हें अनिश्चितकालीन छुट्टी पर भेज दिया गया। उनकी जगह IPS ओपी सिंह को कार्यवाहक डीजीपी बनाया गया और कुछ समय बाद शत्रुजीत कपूर को हरियाणा के DGP पद से हटा दिया गया।
कुल मिलाकर, सीनियॉरिटी के बावजूद सीमित सेवा अवधि और पूर्व विवादों के चलते शत्रुजीत कपूर को हरियाणा का डीजीपी दोबारा नहीं बनाया गया, लेकिन केंद्र सरकार ने उन्हें एक अहम अर्धसैनिक बल ITBP की कमान सौंप दी है। #डेलीन्यूज़अपडेट