16/11/2025
कुछ लोगों का बिहार से पलायन 1990 से 2005 हुआ था, अब बिहार लौट जाना चाहिए, 20 साल से राम राज्य है, आगे भी 5 साल रहेगा, 1990 से 2005 से 2025 तक NCRB के अनुसार 2.5 अपराध बढ़ा है, फिर भी कुछ सुतियो को लगता है, पहले जंगल राज, आज मंगल राज है, मुजफ्फरपुर बालिका गृह काण्ड के आरोपी के बेटा को जीता दिया लोंग, अब भी मंगल राज है, 71 हजार करोड़ के कोई हिसाब किताब ही नहीं जो कि कैग रिपोर्ट में आया, 61000 करोड़ अलगे अदानी डकार गया, सीरजन घोटाला 2500 करोड़ के डकार गया, चारा खाया जगरनाथ मिश्रा, फिर भी फंस गया लालू. लालू जी तो वो कर गये बिहार में सामांतियो के छाती पर राज कर रहा है, आज भी,आगे भी करते रहेगा.
लालूवा के बेटवा को नौवीं फेल है कहने वाले, कान खोलकर के सुन ले वो बाहर दिल्ली, कोलकाता, पंजाब, मुम्बई या गुजरात कमाने नहीं जाएगा, वो ट्रेन के टांयलेट में बैठ के बाहर नहीं जाएगा कमाने, वो कल भी विपक्ष के नेता था, आज भी है, जो कि एक कैबिनेट मंत्री का दर्जा प्राप्त होता है,आगे रहेगा, अरवा चावल के बदले उसना खाने वाले को सोचना है, 1995 तक जिस जाति के मुंह देखकर बाहर लोंग नहीं निकलता था, उसके बेटवा भी आज लालूवा लालूवा कहता है, कुछ तो शर्म कर लेता लालूवा कहने वाले,
ख़ैर जैसे भी हो लोकतंत्र में जनादेश का सम्मान है, ना कि ज्ञानादेश का, आज बिहार में चाचा भतीजा को एक साथ निपटाने के लिए ज्ञानादेश को बहुत बहुत धन्यवाद! बाकी बिहार के जनता को हार्दिक शुभकामनाएं, नौवीं फेल के विज़न शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा रोज़गार एवं नौकरी को नकार कर अरवा के बदले उसना चावल खाने के लिए!
गुजरात से आ के बिहार के लोगों के पसंद को पहचान लिये माननीय प्रधानमंत्री जी लेकिन बिहार के होकर भी नहीं पहचान सके माननीय नेता प्रतिपक्ष कि बिहार के लोगों को दवाई, पढ़ाई, कारवाई एवं रोजगार वाला सरकार नहीं चाहिए, 5 किलो के बदले 4 किलो अरवा चावल के बदले ऊसना वाला सरकार चाहिए, धिक्कार है नौवीं पास को, आखिर पहचानते कैसे चाणक्य जो हरियाणवी है, खैर जो भी हो 5 साल विपक्ष में बैठने के लिए धन्यवाद!
जय बिहार!