09/04/2026
चिड़िया
एक मासूम जानवर
सिर्फ अपने बच्चों की चिंता
सुबह से शाम मेहनत करती हुई
ये ही दुआ खाना रोज मिल जाए
आदमी ने बेतार क्या लगाए
मासूम का खाना कम हो गया
आदमी की बस्ती से अब खाना नहीं मिलता
तो चली अब गांवों की और
गांव भी अब बेतार से जुड़े हैं
जंगल कटते जा रहे हैं
ये तो जीवन ही लुप्त हो गया
मैने कहा अभी उम्मीद है
बस सूरज को देख, हवा को देख, मिलेगी शक्ति