Sunil

Sunil i like free fire

14/10/2025

How to win every CS rank in random players

13/10/2025

Na jaane kyu subah meri new song viral

12/10/2025

How to win every CS rank in random players

11/10/2025

10/10/2025
विवाह एक ऐसा बंधन है जिसमे व्यक्ति प्रेम करने के लिए बाध्य हैं...यदि व्यक्ति ने कभी किसी से प्रेम naa किया हो तो...विवाह...
01/10/2025

विवाह एक ऐसा बंधन है जिसमे व्यक्ति प्रेम करने के लिए बाध्य हैं...
यदि व्यक्ति ने कभी किसी से प्रेम naa किया हो तो...विवाह के उपरांत अपनी जीवनसाथी से प्रेम कर लेता है।
परंतु व्यक्ति ने कभी किसी से गहरा प्रेम किया है तो...
वो व्यक्ति कभी भी अपने जीवनसाथी से सम्पूर्ण भावना से प्रेम नही कर सकता । 😊

जिस काम से आपका घर चलता हो उस काम पर कभी शर्म मत करो मेहनत से कमाया गया हर टुकड़ा इज़्ज़त से बड़ा होता हैं..!!😥💯
29/09/2025

जिस काम से आपका घर चलता हो उस काम पर कभी शर्म मत करो मेहनत से कमाया गया हर टुकड़ा इज़्ज़त से बड़ा होता हैं..!!😥💯

आप मेरी पोस्ट कहा कहा से देख रहे हो
28/09/2025

आप मेरी पोस्ट कहा कहा से देख रहे हो

अमीरों का भी अपना अलग ही न'शा है कुत्ता, बिल्ली, तोता, खुद पालते हैइनके खुद के बच्चों को आया पालती हैं.. और स्वयं इनको ब...
28/09/2025

अमीरों का भी अपना अलग ही न'शा है कुत्ता, बिल्ली, तोता, खुद पालते है

इनके खुद के बच्चों को आया पालती हैं.. और स्वयं इनको बुढ़ापे में वृद्धाश्रम वाले पालते है ।
♥️

एक पिता ने अपनी बेटी की सगाई करवाई, लड़का बड़े अच्छे घर से था तो पिता बहुत खुश हुए। लड़के ओर लड़के के माता पिता का स्वभा...
27/09/2025

एक पिता ने अपनी बेटी की सगाई करवाई, लड़का बड़े अच्छे घर से था तो पिता बहुत खुश हुए।
लड़के ओर लड़के के माता पिता का स्वभाव बड़ा अच्छा था..तो पिता के सिर से बड़ा बोझ उतर गया।
एक दिन शादी से पहले लड़के वालों ने लड़की के पिता को खाने पर बुलाया।

पिता की तबीयत ठीक नहीं थी, फिर भी वह ना नही कह सके।
लड़के वालों ने बड़े ही आदर सत्कार से उनका स्वागत किया, फ़िर लड़की के पिता के लिए चाय आई..
शुगर कि वजह से लड़की के पिता को चीनी वाली चाय से दूर रहने को कहा गया था।
लेकिन लड़की के होने वाली ससुराल घर में थे तो चुप रह कर चाय हाथ में ले ली।*
चाय कि पहली चुस्की लेते ही वो चौंक से गये,चाय में चीनी बिल्कुल ही नहीं थी..और इलायची भी डली हुई थी।

वो सोच मे पड़ गये कि ये लोग भी हमारी जैसी ही चाय पीते हैं।

दोपहर में खाना खाया वो भी बिल्कुल उनके घर जैसा,दोपहर में आराम करने के लिए दो तकिये पतली चादर।उठते ही सौंफ का पानी पीने को दिया गया।
वहाँ से विदा लेते समय उनसे रहा नहीं गया तो पूंछ बैठे - मुझे क्या खाना है, क्या पीना है, मेरी सेहत के लिए क्या अच्छा है ?
ये परफेक्टली आपको कैसे पता है ?
तो बेटी कि सास ने धीरे से कहा कि कल रात को ही आपकी बेटी का फ़ोन आ गया था और उसने कहा कि मेरे पापा स्वभाव से बड़े सरल हैं बोलेंगे कुछ नहीं, प्लीज अगर हो सके तो आप उनका ध्यान रखियेगा।
पिता की आंखों में वहीँ पानी आ गया था।
लड़की के पिता जब अपने घर पहुँचे तो घर के हाल में लगी अपनी स्वर्गवासी माँ के फोटो से हार निकाल दिया।
जब पत्नी ने पूछा कि ये क्या कर रहे हो ? ?
तो लड़की के पिता बोले - मेरा ध्यान रखने वाली मेरी माँ इस घर से कहीं नहीं गयी है, बल्कि वो तो मेरी बेटी के रुप में इस घर में ही रहती है और फिर पिता की आंखों से आंसू छलक गये ओर वो फफक कर रो पड़े।
दुनिया में सब कहते हैं ना !
कि बेटी है
एक दिन इस घर को छोड़कर चली जायेगी।
बेटी भले ही अपने माँ-बाप के घर से विदा हो जाती है मगर वो उनके दिल से जुदा नहीं हो पाती है..सदा उन के दिलों में रहती है

एक बार एक दरोगा जी का मुंह लगा नाई उनसे पूछ बैठा ....."हुजूर मैंने सुना है कि कुछ पुलिस वाले रस्सी का साँप बना देते हैं....
27/09/2025

एक बार एक दरोगा जी का मुंह लगा नाई उनसे पूछ बैठा ....."हुजूर मैंने सुना है कि कुछ पुलिस वाले रस्सी का साँप बना देते हैं.... आख़िर कैसे ?"

दरोगा जी बात को टाल गए।

लेकिन नाई ने जब दो-तीन बार यही सवाल पूछा, तो दरोगा जी ने मन ही मन तय किया कि इस भूतनी वाले को बताना ही पड़ेगा कि रस्सी का साँप कैसे बनाते हैं !

लेकिन प्रत्यक्ष में नाई से बोले - "अगली बार आऊंगा तब बताऊंगा... अभी जान छोड़ मेरी !"

इधर दरोगा जी के जाने के दो घंटे बाद ही 4 सिपाही नाई की दुकान पर छापा मारने आ धमके - "मुखबिर से पक्की खबर मिली है, तू हथियार सप्लाई करता है। तलाशी लेनी है दूकान की !"

तलाशी शुरू हुई ...

एक सिपाही ने नजर बचाकर हड़प्पा की खुदाई से निकला जंग लगा हुआ असलहा छुपा दिया !

दूकान का सामान उलटने-पलटने के बाद एक सिपाही चिल्लाया - "ये रहा रिवाल्वर"
छापामारी अभियान की सफलता देख नाई के होश उड़ गए - "अरे साहब... मैं इसके बारे में कुछ नहीं जानता ।

आपके बड़े साहब भी मुझे अच्छी तरह पहचानते हैं ! "नाई गिड़गिड़ाया....!!

एक सिपाही हड़काते हुए बोला - "दरोगा जी का नाम लेकर बचना चाहता है ? साले सब कुछ बता दे कि तेरे गैंग में कौन-कौन है ... तेरा सरदार कौन है ... तूने कहाँ-कहाँ हथियार सप्लाई किये ... कितनी जगह लूट-पाट की तू अभी थाने चल !"

थाने में दरोगा साहेब को देखते ही नाई पैरों में गिर पड़ा - "साहब बचा लो ... मैंने कुछ नहीं किया !"

दरोगा ने नाई की तरफ देखा और फिर सिपाहियों से पूछा - "क्या हुआ ?"

सिपाही ने वही जंग लगा असलहा दरोगा के सामने पेश कर दिया - "सर जी मुखबिर से पता चला था ..
इसका गैंग है और हथियार सप्लाई करता है.. इसकी दूकान से ही ये रिवाल्वर मिली है !"

दरोगा सिपाही से - "तुम जाओ, मैं पूछ-ताछ करता हूँ!"

सिपाही के जाते ही दरोगा हमदर्दी से बोले - "ये क्या किया तूने ?"

नाई घिघियाया - "सरकार मुझे बचा लो ... !"

दरोगा गंभीरता से बोला - "देख ये जो सिपाही हैं न .. एक नंबर के बदमाश हैं ... मैंने अगर तुझे छोड़ दिया तो ये मेरी शिकायत ऊपर अफसर से कर देंगे ...
इनकी जेब में कुछ डालनी ही पड़ेगी मैं तुझे अपनी गारंटी पर दो घंटे का समय देता हूँ, जाकर किसी तरह बीस हजार का इंतजाम कर .. पांच - पांच हजार चारों सिपाहियों को दे दूंगा तो वो मान जायेंगे !"

नाई रोता हुआ बोला - "हुजूर मैं गरीब आदमी बीस हजार कहाँ से लाऊंगा ?"

दरोगा डांटते हुए बोला - "तू मेरा अपना है इसलिए इतना सब कर रहा हूँ, तेरी जगह कोई और होता तो तू अब तक जेल पहुँच गया होता ... जल्दी कर वरना! बाद में मैं कोई मदद नहीं कर पाऊंगा !"

नाई रोता - कलपता घर गया ... अम्मा के कुछ चांदी के जेवर थे ... चौक में एक ज्वैलर्स के यहाँ सारे जेवर बेचकर किसी तरह बीस हजार लेकर थाने में पहुंचा और सहमते हुए बीस हजार रुपये दरोगा जी को थमा दिए ! !

दरोजा जी ने रुपयों को संभालते हुए पूछा - "कहाँ से लाया ये रुपया?"
नाई ने ज्वैलर्स के यहाँ जेवर बेचने की बात बतायी, तो दरोगा जी ने सिपाही से कहा - "जीप निकाल और नाई को हथकड़ी लगा के जीप में बैठा ले .. दबिश पे चलना है !"

पुलिस की जीप चौक में उसी ज्वैलर्स के यहाँ रुकी !

दरोगा और दो सिपाही ज्वैलर्स की दूकान के अन्दर पहुंचे
दरोगा ने पहुँचते ही ज्वैलर्स को रुआब में ले लिया - "चोरी का माल खरीदने का धंधा कब से कर रहे हो ?"

ज्वैलर्स सिटपिटाया - "नहीं दरोगा जी, आपको किसी ने गलत जानकारी दी है!"

दरोगा ने डपटते हुए कहा - "चुप.....!! बाहर देख जीप में हथकड़ी लगाए शातिर चोर बैठा है ... कई साल से पुलिस को इसकी तलाश थी ...
इसने तेरे यहाँ जेवर बेचा है कि नहीं ? तू तो जेल जाएगा ही.. साथ ही दूकान का सारा माल भी जब्त होगा !"

ज्वैलर्स ने जैसे ही बाहर पुलिस जीप में हथकड़ी पहले नाई को देखा तो उसके होश उड़ गए,

तुरंत हाथ जोड़ लिए - "दरोगा जी जरा मेरी बात सुन लीजिये !
कोने में ले जाकर मामला कुछ दे लेकर सेटल हुआ !

दरोगा ने माल जेब में डाली और नाई ने जो गहने बेचे थे वो हासिल किये, फिर ज्वैलर्स को वार्निंग दी - "तुम शरीफ आदमी हो और तुम्हारे खिलाफ पहला मामला था, इसलिए छोड़ रहा हूँ... आगे कोई शिकायत न मिले !"

इतना कहकर दरोगा जी और सिपाही जीप पर बैठकर रवाना हो गए !

थाने में दरोगा जी मुस्कुराते हुए पूछ रहे थे - "अब बता गधे, तेरे को समझ में आया कि रस्सी का सांप कैसे बनाते हैं ?? "

नाई सिर नवाते हुए बोला - "हाँ माई-बाप समझ गया !"

दरोगा हँसते हुए बोला - "भूतनी के, ले संभाल अपनी अम्मा के गहने और बीस हजार रुपया और जाते-जाते याद कर ले ... हम सिर्फ़ रस्सी का सांप ही नहीं बल्कि जरूरत पड़ने पर नेवला .. अजगर ... मगरमच्छ... और डायनासोर तक बनाते हैं.. नहीं तो अपराध नियंत्रण कैसे होगा बे......????

Address

Plot. 65
Jaipur
302039

Telephone

+919828370033

Website

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when Sunil posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Share